शहर में शुद्ध पेयजल को लेकर नगर निगम की सख्त सतत निगरानी

वार्डों में पानी सप्लाय के दौरान टीम ने चेक किया पानी, रहवासियों से की चर्चा
देवास। शहरवासियों तक स्वच्छ पेयजल पहुंचे, इसके लिए नगर निगम पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। कहीं पाइपलाइन की जांच हो रही है तो कहीं पानी के सैंपल लिए जा रहे हैं, ताकि नागरिकों को किसी भी तरह की परेशानी न हो और भरोसे के साथ नल का पानी इस्तेमाल कर सके।

शहर में नलों के माध्यम से शुद्ध जल सप्लाय सुनिश्चित करने के लिए नगर निगम की टीम लगातार विभिन्न वार्डों में निरीक्षण कर रही है। जल सप्लाय के दौरान नलों से पानी के सैंपल लेकर उनकी गुणवत्ता की जांच की जा रही है। इसी क्रम में वार्ड क्रमांक 19 के रामचंद्र नगर में निगम की टीम ने घर-घर जाकर नलों के पानी की स्थिति को परखा। निरीक्षण के दौरान टीम को नंदा नगर क्षेत्र में सीवरेज लाइन फूटने की शिकायत प्राप्त हुई थी। सूचना मिलते ही निगम की टीम मौके पर पहुंची और तत्काल सीवरेज लाइन के लीकेज को दुरुस्त किया। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि भले ही सीवरेज लाइन में फॉल्ट था, लेकिन नर्मदा पाइपलाइन पूरी तरह सुरक्षित रही और उसमें किसी प्रकार का लीकेज नहीं पाया गया।

इसी तरह वार्ड क्रमांक 17 में गंदे पानी की शिकायत प्राप्त हुई थी। निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर नलों से आ रहे पानी की जांच की और रहवासियों से चर्चा की। जांच के दौरान स्थानीय लोगों ने बताया कि नलों से सप्लाय हो रहा पानी साफ है और उसमें किसी तरह की गंदगी व बदबू नहीं है।

नगर निगम आयुक्त दलीप कुमार के निर्देश पर यह निरीक्षण अभियान प्रतिदिन चलाया जा रहा है। निगम की टीमें नियमित रूप से पेयजल सप्लाय के समय पानी की गुणवत्ता की जांच कर रही हैं। फिलहाल शहर के किसी भी क्षेत्र में गंदे पानी की स्थिति नहीं है। वहीं शिप्रा वाटर प्लांट पर शनिवार को पानी के पांच सैंपल प्राप्त हुए, जिनकी जांच की गई। पानी गुणवत्तापूर्ण पाया गया।




