गुस्से में घर छोड़ गई नाबालिग बस में मिली अकेली

– बरोठा पुलिस ने दिखाया मानवीय चेहरा; ऑपरेशन मुस्कान में सकुशल दादी के पास पहुंचाया
बरोठा (अमर चौधरी)। घर से नाराज होकर निकली एक नाबालिग बालिका को पुलिस ने बस में अकेला बैठे पाया। पुलिस ने संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई का उदाहरण पेश करते हुए उसे सुरक्षित परिजनों तक पहुंचाया। बच्ची की मनःस्थिति समझते हुए पुलिस ने न सिर्फ उसे भरोसा दिया, बल्कि उसकी इच्छा का सम्मान करते हुए परिजनों से मिलाकर सुरक्षित दादी के सुपुर्द किया। ऑपरेशन मुस्कान के तहत की गई इस कार्रवाई ने पुलिस के मानवीय रुख को एक बार फिर मजबूत किया है।
पुलिस के अनुसार थाना बरोठा पर सोमवार रात 8 बजे थाना प्रभारी बरोठा सविता सिंह को सूचना प्राप्त हुई कि बरोठा से देवास जाने वाली बस में एक नाबालिग लड़की अकेली बैठी है, जो परेशान लग रही है। सूचना पर तत्परता दिखाते हुए पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एचएन बाथम व उप पुलिस अधीक्षक संजय शर्मा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी श्रीमती सिंह बल के साथ बस के पीछे भोपाल चौराहा पहुंची, जहां बस से उक्त 16 वर्षीय नाबालिग किशोरी निवासी ग्राम बरोठा को उतारकर अपने साथ बरोठा थाना लाया गया।
किशोरी ने मम्मी द्वारा चिल्लाने पर घर से जाना बताया। किशोरी की मां को सूचना कर थाने बुलाया। किशोरी को काफी समझाने पर भी वह अपनी मां के साथ घर जाने को तैयार नहीं हुई और अपनी दादी निवासी दौलतपुर (सोनकच्छ) के यहां जाने की जिद करने लगी। किशोरी की दादी का पता निकालकर डायल 112 एफआरवी के माध्यम से उसकी दादी के पास छुड़वाया गया व दादी के सुपुर्द किया गया।
पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा चलाए जा रहे विशेष मुस्कान के अंतर्गत बालिका को पॉक्सो एक्ट, महिलाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों के संबंध में जागरूक किया गया एवं दोबारा घर से बिना बताए नहीं जाने की समझाइश दी गई।
सराहनीय कार्य-
थाना प्रभारी सविता सिंह, सउनि शारदा ठाकुर, हरीश कुमार, आरक्षक आदर्श मिश्रा, भरत चरपोटा, संजय राठौर, सैनिक मुकेश पटेल की सराहनीय भूमिका रही।




