सुबह कोहरे की चादर में लिपटा रहा क्षेत्र, 9 बजे तक जलती रहीं वाहनों की लाइट

बेहरी (हीरालाल गोस्वामी)। मौसम ने अचानक करवट ले ली है। बीते दो दिनों से क्षेत्र में ठंडक बढ़ने लगी है और शनिवार-रविवार को इसका असर स्पष्ट रूप से देखने को मिला।
सुबह करीब 6 बजे से 9 बजे तक क्षेत्र घने कोहरे की चादर में ढका रहा। हालात ऐसे रहे कि नजदीक से गुजरता व्यक्ति भी साफ नजर नहीं आ रहा था। मजबूरी में दोपहिया व चारपहिया वाहन चालकों को दिन में भी हेडलाइट जलाकर आवागमन करना पड़ा।
ग्रामीणों के अनुसार, सुबह की सैर पर निकलने वालों को इस बार अलग ही अनुभव हुआ। प्रतिदिन की तरह घूमने निकले कंचनसिंह दांगी, हरिनारायण पाटीदार, रामलाल बागवान, गब्बूलाल पाटीदार, राजेश बामनिया, राम सिंह बामनिया और भगवान सिंह पिंडोरिया ने बताया कि चारों ओर घना कोहरा छाया था। कुछ ही दूरी पर दृश्यता शून्य जैसी हो गई थी, वहीं हवा में ठंडक के कारण हाथ-पैर सुन्न होने लगे। बुजुर्गों व बच्चों को विशेष सावधानी बरतनी पड़ी।
कोहरे के कारण सुबह के समय आवागमन भी प्रभावित रहा। मार्गों पर गति धीमी रही और कामकाजी लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। वाहन चालकों ने बताया कि फिसलन और कम दृश्यता के चलते दुर्घटना की आशंका बनी रही, इसलिए सभी ने एहतियातन लाइटें जलाकर ही सफर किया।
इधर, बदलते मौसम से किसान भी चिंतित हैं। खेतों में खड़ी रबी फसलों पर कोहरे और बढ़ती नमी का असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। किसानों का कहना है कि यदि यह स्थिति बनी रही तो फसलों में फंगल रोग व कीट प्रकोप का खतरा बढ़ सकता है।




