ग्राम छोटी चुरलाय स्थित गुरु गंगदास गौशाला में धूमधाम से हुई गोवर्धन पूजा

गौमाता हमारी संस्कृति और कृषि दोनों की आधारशिला हैं- धर्मेंद्र सिंह राजपूत
देवास। ग्राम छोटी चुरलाय स्थित गुरु गंगदास गौशाला में गोवर्धन पूजा का पावन पर्व बड़े ही श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया।
इस अवसर पर गौशाला परिसर में विधिवत पूजा-अर्चना कर गौमाता की आराधना की गई और गांव में सुख-समृद्धि की कामना की गई।
कार्यक्रम में मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद की समिति के अध्यक्ष एवं मप्र शासन से सम्मानित युवा कृषक धर्मेंद्रसिंह राजपूत, सरपंच प्रतिनिधि कुंदन सिंह, जितेंद्र सिंह राजपूत, ईश्वर भाटी तथा पशुपालन अधिकारी डॉ. आरएस गुर्जर विशेष रूप से उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने मिलकर गौमाता को तिलक लगाकर पूजन किया, उन्हें हरी घास और गुड़ खिलाकर आशीर्वाद प्राप्त किया।

धर्मेंद्र सिंह राजपूत ने कहा, कि गोवर्धन पूजा का पर्व हमें प्रकृति, पशु और मानव के बीच के पवित्र संबंध की याद दिलाता है। भगवान श्रीकृष्ण ने स्वयं गोवर्धन पर्वत की पूजा कर यह संदेश दिया, कि प्रकृति की रक्षा करना ही सच्ची पूजा है। गौमाता हमारी संस्कृति और कृषि दोनों की आधारशिला हैं। इनके संरक्षण से ही गांव की समृद्धि और धरती की उर्वरता बनी रहती है।

उन्होंने आगे कहा कि गौसेवा और पर्यावरण संरक्षण एक दूसरे के पूरक हैं। यदि हर गांव में लोग गौशालाओं को सशक्त करें और गोवंश की सेवा में जुटें, तो गांवों में आर्थिक और सामाजिक उन्नति स्वाभाविक रूप से आएगी। पूजन के पश्चात गौमाता को भोजन कराया गया, ग्रामीणों ने प्रसाद वितरण किया।





