जेल की सलाखों के बीच ज्ञान का उजाला: जिला जेल देवास में लाइब्रेरी का शुभारंभ
देवास। जिला जेल देवास में मंगलवार को एक नई और सकारात्मक शुरुआत हुई। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण देवास अजय प्रकाश मिश्र ने बंदियों के लिए स्थापित नई लाइब्रेरी का उद्घाटन किया।
इस अवसर पर विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन भी किया गया, जिसमें बंदियों को कानून संबंधी जानकारी और जीवन सुधार के लिए प्रेरित किया गया।

लाइब्रेरी में निर्देशक आईटी ग्रीक्स टेंक्नोलॉजी प्रायवेट लिमिटेड राहुलसिंह परिहार के सहयोग से बंदियों के लिए साहित्य, इतिहास, धर्म एवं सामान्य ज्ञान से संबंधित 200 पुस्तकें प्रदान की गई है। इस अवसर पर विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया।
इस अवसर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण देवास श्री मिश्र ने बंदियों को लाइब्रेरी के माध्यम से व्यक्तित्व निर्माण एवं व्यक्तित्व विकास करने के लिए जागरूक किया।कहा कि जीवन बदलने के लिए एक पुस्तक ही काफी है, पुस्तकें आपको पढ़ने एवं शिक्षित होने हेतु प्रेरित करेंगी। कोई भी जन्मजात अपराधी नहीं होते, जेल में रहकर अच्छा सीखिए और अच्छा इंसान बनने में पुस्तकें आपकी मदद करेंगी।

जिला जेल में लाईब्रेरी का शुभारंभ होना बंदियों के शारीरिक एवं मानसिक रूप से सशक्त करने के लिए नई शुरूआत है। शिविर में रोहित श्रीवास्तव सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण देवास एवं जेल अधीक्षक, जिला जेल देवास, स्टॉफ सहित, बंदीगण उपस्थित थे।
जेल लाइब्रेरी की खास बातें-
यह लाइब्रेरी केवल किताबों का संग्रह नहीं, बल्कि बंदियों के जीवन में नई रोशनी और नई दिशा देने का प्रयास है।
विशेष संग्रह में शामिल- आध्यात्मिक एवं दार्शनिक ग्रंथ, भागवत गीता, विभिन्न पुराण, महापुरुषों के जीवन से जुड़ी प्रेरक पुस्तकें, साहित्य, इतिहास और सामान्य ज्ञान की पुस्तकें, सकारात्मक सोच और व्यक्तित्व विकास से संबंधित किताबें।
उद्देश्य-
– बंदियों के मानसिक एवं बौद्धिक विकास को बढ़ावा
– आत्मचिंतन और आत्मसुधार की प्रेरणा
– जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का अवसर
– रिहाई के बाद समाज में बेहतर पुनर्वास की दिशा




