नगर में अतिक्रमण के खिलाफ युवा हुए लामबंद, खुद ही हटाने निकल पड़े

– एमजी रोड पर रोजाना लग रहे जाम से परेशान होकर उठाया कदम
भौरासा (मनोज शुक्ला)। नगर में अतिक्रमण और ट्रैफिक जाम की समस्या अब गंभीर रूप ले चुकी है। एमजी रोड सहित कई प्रमुख मार्गों पर हर दिन लगने वाले जाम से आमजन का जीना दूभर हो गया है। इसके पीछे मुख्य कारण है लोगों द्वारा सड़कों पर फैलाया जा रहा अतिक्रमण।
चाहे मकान निर्माण की सामग्री हो, जैसे गिट्टी, ईंट, रेती या फिर हाथ ठेले और पार्क किए गए वाहन। सड़कों पर हर ओर कब्जा कर लिया गया है। खासतौर पर छोटे हनुमान चौक, रपट क्षेत्र, स्टेट बैंक और शाजापुर बैंक के सामने आएदिन जाम लगना आम बात हो गई है। कई बार इस कारण वाहन चालकों के बीच विवाद की स्थिति भी बन जाती है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है, कि सड़कों पर अवैध रूप से वाहनों की पार्किंग और दुकान के बाहर कुर्सी-टेबल, पोस्टर-बैनर रखने जैसी गतिविधियों से यातायात बाधित हो रहा है। प्रशासनिक लापरवाही के चलते अतिक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है।
नगर परिषद के नियम अनुसार, भवन निर्माण में सड़क से कम से कम 3 फीट अंदर निर्माण की अनुमति है। लेकिन लोग उल्टा 3 फीट बाहर तक निर्माण कर लेते हैं, ऊपर से ओटला निकालकर अतिक्रमण और बढ़ा देते हैं। यही कारण है कि संकरी गलियों और मुख्य मार्गों पर जाम की स्थिति उत्पन्न होती है।
युवाओं ने संभाली जिम्मेदारी, चेतावनी देकर खुद हटाया अतिक्रमण-
बुधवार को रपट क्षेत्र में फिर से अतिक्रमण के चलते जाम लग गया। वाहन चालकों के बीच विवाद की स्थिति बन गई। इस पर नगर के युवाओं ने स्वयं आगे आकर मोर्चा संभाला। देखते ही देखते दर्जनों युवा इकट्ठे हो गए और नगरभर में अतिक्रमण हटाने की मुहिम शुरू कर दी।
युवाओं ने दुकानदारों और अतिक्रमणकर्ताओं को स्पष्ट चेतावनी दी कि वे स्वेच्छा से अपने द्वारा किए गए अतिक्रमण, बैनर, पोस्टर, कुर्सी, टेबल आदि हटाएं, अन्यथा वे अगली बार स्वयं उसे हटाएंगे और उसकी जिम्मेदारी संबंधित व्यक्ति की ही होगी।
प्रशासन पर उठे सवाल-
नगरवासियों का कहना है कि यह कार्य प्रशासन का है, लेकिन अब युवाओं को यह कदम उठाना पड़ रहा है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस जनसंगठित कार्रवाई को किस रूप में लेता है और आगे क्या कदम उठाता है।




