13 दिन में ध्वस्त हुआ साइबर ठगों का जाल, क्रिप्टो निवेश के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह धराया

देवास। ऑनलाइन निवेश के नाम पर आम लोगों को भारी मुनाफे का सपना दिखाकर ठगने वाले साइबर अपराधियों के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। क्रिप्टो करेंसी में मात्र कुछ ही दिनों में रकम दोगुनी करने का लालच देकर की जा रही धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने तेज जांच और डिजिटल ट्रेल के आधार पर गिरोह तक पहुंच बनाते हुए 13 दिनों के भीतर पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश कर दिया। कार्रवाई के दौरान न केवल ठगी की गई पूरी राशि बरामद की गई, बल्कि साइबर अपराध में इस्तेमाल किए गए मोबाइल उपकरण भी जब्त किए गए हैं।
पूरे मामले की जानकारी एसपी पुनीत गेहलोद ने प्रेसवार्ता में दी। 6 दिसंबर को फरियादी चेतनसिंह सोलंकी उम्र 45 साल निवासी आनंद विहार कॉलोनी देवास ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उन्हें 2 से 5 नवंबर तक अज्ञात आरोपियों ने व्हाट्सएप के माध्यम से क्रिप्टो करेंसी में भारी मुनाफे का लालच दिया। किश्तों में झांसा देकर आरोपियों ने कुल 1,04,100 रुपये की धोखाधड़ी की। शिकायत पर औद्योगिक क्षेत्र पुलिस ने धारा 318(4) बीएनएस 2023 का प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया।
पुलिस अधीक्षक देवास पुनीत गेहलोद द्वारा उक्त साइबर फ्रॉड करने वाले आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के आदेश दिए गए थे। जिस पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जयवीरसिंह भदौरिया के मार्गदर्शन मे नगर पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल के निर्देशन में उक्त साइबर फ्रॉड करने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु थाना प्रभारी औद्योगिक क्षेत्र निरीक्षक शशिकांत चौरसिया को निर्देशित कर एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण शुरू किया और डिजिटल ट्रेल का पीछा करते हुए मात्र 13 दिनों के भीतर आरोपियों तक पहुंचने में सफलता प्राप्त की।
पुलिस ने तकनीकी डेटा के आधार पर उन बैंक खातों को फ्रीज करवाया जहां पैसा ट्रांसफर हुआ था। साक्ष्यों के घेरे में आते ही आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस ने पांच शातिर आरोपियों बबलू मकवाना उर्फ अजय, लखन पंवार, राहुल तोमर, अरीब अली खान उर्फ अली व अलवहीद खान उर्फ रूमी को गिरफ्तार किया। पूछताछ करने पर आरोपयों ने अपना जुर्म स्वीकार कर बताया कि उन्होंने अपनी पहचान छुपाकर फरियादी को क्रिप्टो पर निवेश कर लाभ दिलाने का लालच दिया था। आरोपीगण को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर पुलिस रिमांड प्राप्त किया गया। आरोपियों के कब्जे से संपूर्ण फ्रॉड की राशि कुल 1,04,100 रुपये तथा 6 एंड्रॉइड मोबाइल फोन कीमती करीबन 1,29,000 रुपए कुल 2,33,100 रुपए का माल बरामद किया गया है।

गिरफ्तार आरोपियों के नाम-
1.बबलू उर्फ अजय पिता राजाराम मकवाना उम्र 30 साल निवासी ग्राम ढाबलावेणी थाना महिदपुर जिला उज्जैन हाल मुकाम तिरुपति प्लेटिनम कॉलोनी नानाखेड़ा उज्जैन
2. लखन पिता कमल पंवार उम्र 32 साल निवासी ग्राम मालीखेड़ी थाना घटिया जिला उज्जैन हाल मुकाम प्रेमनगर मक्सी रोड उज्जैन
3. राहुल पिता मोहनसिंह तोमर उम्र 30 साल निवासी ग्राम पीरझलार थाना बड़नगर जिला उज्जैन हाल मुकाम विवेकानंद कॉलोनी उज्जैन
4. अरीब अली खान उर्फ अली पिता गुलरेज खान उम्र 22 साल निवासी परवाना नगर सुभाष नगर के पीछे उज्जैन
5. अलवहीद खान उर्फ रूमी पिता गुलरेज खान उम्र 27 साल निवासी परवाना नगर सुभाष नगर के पीछे उज्जैन
सराहनीय कार्य- थाना प्रभारी, औद्योगिक क्षेत्र निरीक्षक शशिकांत चौरसिया, उनि राकेश चौहान, नरेन्द्र अम्करे, गौरव नगावत, आर अजय जाट, राबी यादव, मप्रआर रोहिणी अनोसे तथा साइबर सेल से प्रआर सचिन चौहान, शिव प्रताप एवं मप्रआर गीतिका कानूनगो की विशेष और सराहनीय भूमिका रही।




