धर्म-अध्यात्म

देवास: गुरु पूर्णिमा पर गायत्री शक्तिपीठ में महायज्ञ, ‘एक पेड़ गुरु के नाम’ का संकल्प दिलाया

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देवास। गायत्री शक्तिपीठ साकेत नगर एवं गायत्री प्रज्ञापीठ विजय नगर पर गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व के उपलक्ष्य में 28 एवं 29 जुलाई को अखण्ड जप, दीपयज्ञ एवं पंचकुण्डीय गायत्री महायज्ञ सहित विभिन्न कार्यक्रम सम्पन्न हुए।

गायत्री शक्तिपीठ के मीडिया प्रभारी विक्रमसिंह चौधरी ने बताया कि 28 जुलाई को प्रात: 6 बजे से शाम 6 बजे तक अखण्ड जप एवं रात्रि 7:30 बजे दीपयज्ञ हुआ तथा 29 जुलाई गुरु पूर्णिमा को प्रात: 8:30 बजे से श्रीवेदमाता गायत्री, गुरुदेव पं. श्रीराम शर्मा आचार्यजी, माता भगवतीदेवी शर्मा एवं देवोहवान व देवपूजन कर पंचकुण्डीय गायत्री महायज्ञ प्रारंभ हुआ साथ ही दीक्षा, यज्ञोपवित, नामकरण, विद्यारंभ, पुंसवन सहित विभिन्न संस्कार नि:शुल्क सम्पन्न हुए। अपरान्ह 12:30 बजे गायत्री महायज्ञ की पूर्णाहुति पश्चात आरती सम्पन्न हुई।

पूर्णाहुति पश्चात 1 बजे अपनों से अपनी बात में वृक्ष गंगा अभियान पर विशेष चर्चा हुई जिसमें जिला युवा समन्वयक प्रमोद निहाले ने वृक्षारोपण पर बात रखी और कहा कि गुरु पूर्णिमा पर्व पर गुरु दक्षिणा में एक पेड़ गुरु के नाम अवश्य लगाए। श्री निहाले ने कहा कि गुरु पूर्णिमा पर्व शिष्य के लिए गुरु का सबसे अनमोल दिवस व संकल्प पर्व है, इस दिन शिष्य को बड़ा संकल्प लेकर बड़ी गुरु दक्षिणा देना चाहिए एवं गुरुदेव के बताए हुए मार्ग पर चलकर उनका लाभ उठाना चाहिए। गुरु पूर्णिमा पर्व पर श्रद्धालुओं ने बड़ी श्रद्धा से सहयोग राशि देकर शक्तिपीठ से पौधे प्राप्त किए।

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इस अवसर पर आनन्दम नेत्रालय द्वारा नि:शुल्क नेत्र शिविर एवं अन्य रोगों के निदान शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें लगभग 115 से अधिक परिजनों ने अपनी आंखों की जांच कराई एवं अन्य रोगों की जांच कराई जिसमें आनंदम नेत्रालय से मार्केटिंग मैनेजर राहुल शर्मा, रवीना ठाकरे एवं साहिल वर्मा सहित पूरी टीम ने आंखों की जांच की।

गायत्री महायज्ञ के अंत में महाप्रसाद का उपस्थित परिजनों ने लाभ लिया। कार्यक्रम में भारतसिंह बनाफर, कन्हैयालाल मोहरी, जगदीश चौहान, सुभाष जैन, रमेश पांचाल, हीरालाल निहाले, सरिता पाटीदार, विजय जाधव, मंजू पटेल, विक्रमसिंह राजपूत, महेन्द्र राठौर, मांगीलाल चौधरी, गोपाल श्रीवास्तव, सुरेन्द्र दुबे, देवकरण कुमावत, लक्ष्मण पटेल, मुनीश नामदेव आदि का सराहनीय सहयोग रहा।

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कार्यक्रम में बी. एल.खंडेलवाल, रमेशचन्द्र मोदी, गणेशचंद्र व्यास, कामना पटेल, उषा कुमावत, राधा पटेल, धर्मेन्द्र पंवार सहित सैकड़ों परिजन एवं श्रद्धालु उपस्थित थे। गायत्री शक्तिपीठ पर यज्ञ कर्मकांड का संचालन अपूर्वा पटेल सहित शक्तिपीठ की देवकन्याओं ने संगीतमय किया एवं दीक्षा, पुंसवन, विद्यारंभ सहित अन्य संस्कार परिव्राजक रामनिवास कुशवाह ने विधिवत सम्पन्न कराए। आभार मुख्य प्रबंध ट्रस्टी महेश पंड्या ने माना।

वहीं गायत्री प्रज्ञापीठ विजय नगर पर पंच कुण्डीय गायत्री महायज्ञ के साथ पूज्य गुरुदेव, वंदनीय माताजी एवं मां गायत्री जी की पूजा अर्चना कर गुरु पर्व मनाया गया। इस अवसर पर गायत्री प्रज्ञापीठ संरक्षिका दुर्गा दीदी द्वारा गुरु पूर्णिमा के पर्व पर विस्तृत से गुरुदेव के जीवन पर प्रकाश डालते हुए 24 परिजनों को गुरु दीक्षा दी तथा सभी उपस्थित परिजनों को गुरुदेव के पद चिन्हों पर चलने का आव्हान किया।

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इस अवसर पर सैकड़ों की संख्या में उपस्थित परिजनों ने महाप्रसादी (भंडारे) का लाभ लिया। इस अवसर पर शेषनारायण परमार, ब्रजमोहन विजय वर्गीय, विजेंद्र सिंह बैस, सुभाष धोटे, रमेश पालीवाल, सत्यनारायण पटेल, रामगोपाल गुप्ता, अरुणेंद्र सोनी, अनिल निगम, सुरेश बालपांडे, आदित्य यादव, ओ. पी. श्रीवास्तव, प्रखर दुबे, वंदना पाटीदार, प्रदीप दुबे, राधा राठौर, चंचल यादव, कांति चौहान, अंजू गुप्ता, शोभा बर्डे, उमा यादव मनिमला शर्मा, नीति श्रीवास्तव, गिरिजा शर्मा सुशीला परमार, स्नेहलता पोरवाल, अयोध्या दुबे आदि उपस्थित थे। यज्ञ का संचालन महेश आचार्य एवं सतीश शर्मा तथा संगीत ज्ञानदेव बोडखे एवं सुधाकर चौधरी द्वारा दिया गया। आभार गायत्री प्रज्ञापीठ के मुख्य प्रबंध ट्रस्टी राजेंद्र पोरवाल द्वारा माना गया।

 

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