राजस्व प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी- कलेक्टर श्री सिंह

कार्य में लापरवाही पर तहसीलदार सोनकच्छ तथा सीएमओ कन्नौद को शोकाज नोटिस
सीएम हेल्पलाइन एवं लोक सेवा गारंटी के प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही पर की जाएगी कार्रवाई
कलेक्टर ऋतुराज सिंह की अध्यक्षता में समय-सीमा संबंधी बैठक आयोजित
देवास। कलेक्टर ऋतुराज सिंह की अध्यक्षता में समय-सीमा संबंधी लंबित पत्रों के निराकरण की प्रगति तथा अंतरविभागीय समन्वय से संबंधित मामलों की समीक्षा बैठक कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में संपन्न हुई।
बैठक में नगर निगम आयुक्त दलीप कुमार, अपर कलेक्टर संजीव जैन, संयुक्त कलेक्टर विशाखा देशमुख, डिप्टी कलेक्टर सुश्री प्रियल यादव, एसीईओ जिला पंचायत एसएस सिंह सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारीगण उपस्थित थे। समय-सीमा बैठक में विकासखण्ड स्तरीय अधिकारी वर्चुअली शामिल हुए।
बैठक में कलेक्टर श्री सिंह ने जिले में वर्षाकाल को देखते हुए मुख्य मार्गों पर गोवंश प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा कर निर्देश दिए हैं कि बरसात के मौसम में किसी भी मुख्य मार्ग पर गोवंश नहीं बैठना चाहिए। इसके लिए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल समुचित प्रबंध करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि नालों में बाढ़ की स्थिति होने पर रपटों/पुलियाओं पर सुरक्षा के लिहाज से बैरिकेड्स लगाने के संबंध में दिए गए निर्देशों के बाद भी सोनकच्छ क्षेत्र में बैरिकेटिंग कार्य में लापरवाही की गई, जिस पर कलेक्टर श्री सिंह ने तहसीलदार सोनकच्छ को बैरिकेडिंग कार्य में लापरवाही बरतने पर शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर श्री सिंह ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वर्षाकाल में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में मुस्तैद रहकर सुरक्षा व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें। समय-सीमा बैठक में बिना किसी पूर्व अनुमति के अनुपस्थित रहने पर मुख्य नगरपालिका अधिकारी कन्नौद का एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए। उन्होंने सीएमओ कन्नौद को कार्य में लापरवाही बरतने संबंधी शोकाज नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए हैं।
कलेक्टर श्री सिंह ने सीएम हेल्पलाइन, लोक सेवा गारंटी और समय-सीमा (टीएल) के लंबित प्रकरणों की बिंदूवार समीक्षा की। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि नागरिकों की समस्याओं का शत-प्रतिशत और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित किया जाए। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन की रैंकिंग में सभी विभागों का प्रदर्शन उत्कृष्ट होना चाहिए और सभी विभाग अनिवार्य रूप से ‘ए-ग्रेड’ में रहें।
उन्होंने निर्देशित किया कि अधिकारी स्वयं शिकायतकर्ता से बात करें। शिकायकर्ता की समस्या के कारण को समझकर शिकायतों का निराकरण करें। उन्होंने कहा कि शिकायतों का समय पर निराकरण न करने वाले और कार्य में लापरवाही बरतने वाले संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी। इसके साथ ही, उन्होंने जिले में 50 दिवस से अधिक समय से लंबित सभी शिकायतों के त्वरित निपटारे के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री सिंह ने लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत लंबित आवेदनों की समीक्षा करते हुए कहा कि नागरिकों को चिन्हित सेवा निर्धारित समय-सीमा में मिलना चाहिए। यदि कोई भी प्रकरण बिना किसी उचित कारण के समय-सीमा से बाहर होता है, तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी।
कलेक्टर श्री सिंह ने विभिन्न विभागों के लंबित समय-सीमा (टीएल) प्रकरणों की समीक्षा कर सभी जिला अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासकीय पत्रों और जनहित से जुड़े लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निराकरण करना सुनिश्चित करें।
कलेक्टर श्री सिंह ने अविवादित नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन की समीक्षा कर निर्देश दिए कि जिले में अविवादित नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन के जितने भी लंबित प्रकरण हैं, उनका समय-सीमा में निराकरण किया जाए। उन्होंने कहा कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

कलेक्टर श्री सिंह ने आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज लंबित मामलों की क्षेत्रवार जानकारी ली। उन्होंने अविवादित प्रकरणों के लंबे समय तक लंबित रहने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी संबंधित एसडीएम को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में राजस्व अमले की नियमित बैठके लें और प्राप्त आवेदनों का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करें। उन्होंने निर्देशित किया कि यदि किसी स्तर पर बिना ठोस कारण के मामले लंबित पाए जाते हैं, तो संबंधित पर अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाए।
टीएल बैठक के दौरान कलेक्टर श्री सिंह की अध्यक्षता में जिला सलाहकार समिति की बैठक भी आयोजित की गई। बैठक में माय भारत कार्यक्रम के संबंध में जानकारी दी गई। इस दौरान बताया गया कि माय भारत अंतर्गत स्कूल, कॉलेज में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिले में विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा।




