सिरोल्या में रंगारंग आतिशबाजी के साथ बच्चों ने रावण के पुतले का दहन किया

सिरोल्या (अमर चौधरी)। ग्राम सिरोल्या में विजयादशमी का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
दशहरे पर रावण के नाई मोहल्ले में 21 फीट ऊंचे आकर्षक पुतले को देवांश वर्मा, प्रखर वर्मा, आदर्श वर्मा, अंशिवा वर्मा एवं समस्त वर्मा परिवार ने तैयार किया गया। जिसमें लकड़ी के बांस, धर्माकोल, पुस्टे, राॅकेट, सुतली बम सहित रावण का चेहरे में उपयोग आने वाली विभिन्न प्रकार की वस्तुएं बनाने में उपयोग की। भगवान श्रीराम, लक्ष्मण एवं सीताजी की वेशभूषा में बच्चों ने ड्रैस पहनकर रावण को दहन करने से पहले परिसर में नाटक का भी मंचन किया, उसके बाद रावण को दहन किया। धू – धूकर रावण जला।
कई जगहों पर 15 मिनट तक रावण जलता रहा। जिसमें मोबाइल से बच्चों ने रावण के पुतले की जलती हुई सेल्फी भी ली। उसके बाद बच्चों ने नाचते हुए जय – जय सियाराम के नारे लगाए। गांव के बुर्जुगों ने बच्चों से कहा कि विजयादशमी पर्व हमें बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश देता है। इसलिए हमें अहंकार नहीं रखना है। सत्य पर सबकी विजयी है। संकल्प दोहराया गया। सिरोल्या सहित कैलोद, बांगरदा, हापाखेडा, भीलाखेडा आसपास भी विजयादशमी पर्व धूमधाम से मनाया गया।




