देवास के स्कूल का कमाल: गमलों से होगी कमाई, बच्चों को मिलेगी मुफ्त स्टेशनरी

– विश्व पर्यावरण दिवस पर शुरू हुई अनूठी पहल, स्वैच्छिक सहयोग से जुटे संसाधनों से विद्यार्थियों को मिलेगी शैक्षणिक सामग्री
देवास। पर्यावरण संरक्षण और शिक्षा को एक साथ जोड़ने वाला एक अनोखा नवाचार देवास के शासकीय माध्यमिक विद्यालय महाकाल कॉलोनी में शुरू किया गया है। इस पहल के तहत विद्यालय में तैयार किए गए आकर्षक गमले विभिन्न आयोजनों में उपलब्ध कराए जाएंगे और उनसे प्राप्त स्वैच्छिक सहयोग राशि का उपयोग विद्यार्थियों को निःशुल्क स्टेशनरी उपलब्ध कराने में किया जाएगा।
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में अतिथियों ने इस अभिनव प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिन का विषय नहीं, बल्कि समाज की साझा जिम्मेदारी है। यदि ऐसे प्रयोग व्यापक स्तर पर अपनाए जाएं तो पर्यावरण संरक्षण के साथ शिक्षा को भी नई दिशा मिल सकती है।
गर्मी की छुट्टियों में तैयार किए 50 गमले
विद्यालय के प्रधानाध्यापक महेश सोनी ने बताया कि ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान विद्यालय परिसर की हरियाली और सजावट को ध्यान में रखते हुए 50 विशेष गमले तैयार किए गए हैं। इन गमलों को सामाजिक, सांस्कृतिक और पारिवारिक आयोजनों में उपयोग के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। इसके बदले मिलने वाले स्वैच्छिक सहयोग से विद्यार्थियों के लिए कॉपी, पेन, पेंसिल सहित अन्य आवश्यक स्टेशनरी सामग्री खरीदी जाएगी।
इस योजना के संचालन और पारदर्शिता की जिम्मेदारी विद्यालय के पालकों की एक समिति को सौंपी गई है।
15 वर्षों से पर्यावरण संरक्षण की मुहिम
प्रधानाध्यापक महेश सोनी पिछले डेढ़ दशक से विद्यालय परिसर में हरियाली बढ़ाने के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों से विद्यालय में आज विभिन्न प्रजातियों के वृक्षों से युक्त सुंदर उद्यान विकसित हो चुका है। परिसर में लगभग 250 गमले और अनेक छायादार एवं फलदार पौधे मौजूद हैं।

विद्यालय का यह हरित परिसर अब केवल विद्यार्थियों के लिए ही नहीं, बल्कि पक्षियों और छोटे वन्य जीवों के लिए भी सुरक्षित आश्रय बन गया है। यहां नियमित रूप से कोयल, गिलहरी, बंदर और अन्य पक्षियों की मौजूदगी प्राकृतिक वातावरण को और अधिक जीवंत बनाती है।
आनंदम केंद्र और थ्री-आर सेंटर भी संचालित
विद्यालय में राज्य आनंद संस्थान के सहयोग से आनंदम केंद्र तथा नगर निगम के सहयोग से थ्री-आर (रीड्यूस, रीयूज और रीसायकल) सेंटर भी संचालित किया जा रहा है। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण, संसाधनों के पुनः उपयोग और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जाता है।
अतिथियों ने की पहल की सराहना
कार्यक्रम में जिला पेंशनर संघ के अध्यक्ष गंगासिंह सोलंकी, रोटरी मंडल 3040 के सचिव सुधीर पंडित, मोहित शर्मा और संदीप चौहान उपस्थित रहे। अतिथियों ने कहा कि यह पहल पर्यावरण संरक्षण और शिक्षा, दोनों क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव लाने वाली साबित हो सकती है।
स्कूल की अनोखी पहल: भीषण गर्मी में पक्षियों और गिलहरियों के लिए सकोरे वितरित
रोटरी क्लब के श्री पंडित ने विद्यालय को इस अभियान में हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया और इसे समाज के लिए प्रेरणादायक मॉडल बताया।




